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उत्तराखण्ड

एमडीडीए की बड़ी कार्रवाई: धौरण रोड और सहस्त्रधारा रोड पर अवैध निर्माण सील

स्वीकृत मानचित्रों से छेड़छाड़ और बिना अनुमति दुकानों के निर्माण पर प्राधिकरण का शिकंजा, नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ जारी रहेगा अभियान

देहरादून – मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने शहर और आसपास के क्षेत्रों में अनाधिकृत निर्माणों के विरुद्ध सख्त रुख अपनाते हुए शनिवार को बड़ी कार्रवाई की। प्राधिकरण की प्रवर्तन टीम ने धौरण रोड स्थित आईटी पार्क क्षेत्र तथा सहस्त्रधारा रोड के विभिन्न स्थानों पर नियमों के विपरीत किए जा रहे निर्माण कार्यों को सील कर दिया। कार्रवाई के दौरान स्वीकृत मानचित्रों से विचलन कर भवन निर्माण करने और बिना मानचित्र स्वीकृति के दुकानें बनाने के मामले सामने आए। प्राधिकरण ने संबंधित मामलों में नियमानुसार वाद योजित करने के बाद वैधानिक प्रक्रिया के तहत कार्रवाई की।

एमडीडीए ने स्पष्ट किया कि देहरादून में सुनियोजित विकास सुनिश्चित करने के लिए भवन निर्माण संबंधी नियमों का पालन अनिवार्य है। बिना मानचित्र स्वीकृति के निर्माण करना अथवा स्वीकृत मानचित्र के विपरीत भवन खड़ा करना नियोजन व्यवस्था का उल्लंघन है। ऐसे मामलों में प्राधिकरण द्वारा नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।

धौरण रोड पर स्वीकृत मानचित्रों से विचलन का मामला

प्राधिकरण की प्रवर्तन कार्रवाई के तहत धौरण रोड स्थित आईटी पार्क क्षेत्र के दून डिवाइन परिसर में मैसर्स युग रियल एलएलपी (देवेश वरयानी) के निर्माण कार्य पर कार्रवाई की गई। यहां छह स्वीकृत मानचित्रों के अनुरूप प्रस्तावित निर्माणों को आपस में जोड़कर एक भवन के रूप में विकसित किया जा रहा था। प्राधिकरण के अनुसार, स्वीकृत मानचित्रों से विचलन करते हुए फ्लैट बनाने के उद्देश्य से निर्माण किया जा रहा था। मामले को गंभीरता से लेते हुए प्राधिकरण ने उत्तराखंड (उत्तर प्रदेश नगर योजना एवं विकास) अधिनियम के प्रावधानों के तहत वाद योजित किया। नियमानुसार प्रवर्तन कार्रवाई करते हुए मौके पर संबंधित निर्माण को सील कर दिया गया।

सहस्त्रधारा रोड पर बिना अनुमति बन रही थीं दुकानें

एमडीडीए की दूसरी कार्रवाई सहस्त्रधारा रोड स्थित मंदाकिनी विहार में की गई। यहां शुभ्रा राय द्वारा बिना मानचित्र स्वीकृति के तीन दुकानों का निर्माण किया जा रहा था। प्राधिकरण ने इस मामले में नियमानुसार वाद योजित कर संबंधित पक्ष को अपना पक्ष रखने और निर्माण से संबंधित अभिलेख प्रस्तुत करने के लिए विभिन्न तिथियां निर्धारित की थीं। इसके बावजूद संतोषजनक जवाब और आवश्यक अभिलेख प्रस्तुत नहीं किए गए। इसके बाद प्राधिकरण ने मौके पर पहुंचकर अनाधिकृत निर्माण को सील कर दिया। इसी क्रम में सहस्त्रधारा रोड पर नॉर्थ साइड सिटी पार्क के निकट साहनी द्वारा बिना मानचित्र स्वीकृति के चार दुकानों का निर्माण किया जा रहा था। प्राधिकरण ने इस मामले में भी नियमानुसार वाद योजित कर वैधानिक प्रक्रिया अपनाई और संबंधित निर्माण को सील कर दिया।

आमजन से नियमों का पालन करने की अपील

प्राधिकरण ने आमजन से अपील की है कि भवन, दुकान या किसी भी व्यावसायिक परिसर का निर्माण करने से पहले मानचित्र स्वीकृत अवश्य कराएं। अनाधिकृत निर्माण न केवल शहर की नियोजन व्यवस्था को प्रभावित करते हैं, बल्कि संबंधित निर्माणकर्ता के लिए कानूनी और आर्थिक परेशानियां भी खड़ी कर सकते हैं। एमडीडीए ने स्पष्ट किया कि शहर के सुव्यवस्थित विकास और निर्माण नियमों के प्रभावी अनुपालन के लिए अनाधिकृत निर्माणों के विरुद्ध अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा।

नियोजित विकास से समझौता नहीं, नियम तोड़ने वालों पर होगी कार्रवाई : बंशीधर तिवारी

मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि देहरादून शहर और आसपास के क्षेत्रों का सुनियोजित विकास सुनिश्चित करना प्राधिकरण की प्राथमिक जिम्मेदारी है। इसके लिए प्रत्येक निर्माण कार्य का निर्धारित भवन उपविधियों और स्वीकृत मानचित्र के अनुरूप होना आवश्यक है। बिना मानचित्र स्वीकृति के निर्माण करना अथवा स्वीकृत मानचित्र में मनमाने ढंग से बदलाव करना नियमों का उल्लंघन है। उन्होंने कहा कि प्राधिकरण ऐसे मामलों पर लगातार निगरानी रख रहा है। शिकायत मिलने अथवा अनाधिकृत निर्माण की जानकारी संज्ञान में आने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाती है। एमडीडीए का उद्देश्य शहर को व्यवस्थित और नियोजित स्वरूप प्रदान करना है, ताकि भविष्य में नागरिकों को अनियोजित विकास के कारण असुविधाओं का सामना न करना पड़े। उपाध्यक्ष ने भवन निर्माणकर्ताओं और आमजन से अपील की कि किसी भी भवन, दुकान या व्यावसायिक परिसर का निर्माण शुरू करने से पहले आवश्यक स्वीकृतियां प्राप्त करें और स्वीकृत मानचित्र के अनुरूप ही निर्माण कराएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध प्राधिकरण की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

नियमित निगरानी के बाद होगी वैधानिक कार्रवाई : मोहन सिंह बर्निया

एमडीडीए के सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध एवं अनाधिकृत निर्माणों के विरुद्ध नियमित निगरानी और प्रवर्तन कार्रवाई की जा रही है। बिना मानचित्र स्वीकृति अथवा स्वीकृत मानचित्र से विचलन के मामलों में नियमानुसार वाद योजित कर संबंधित पक्ष को अपना पक्ष प्रस्तुत करने का अवसर दिया जाता है। निर्धारित प्रक्रिया के बाद नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर सीलिंग सहित आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जाती है। उन्होंने निर्माणकर्ताओं से सभी आवश्यक स्वीकृतियां प्राप्त करने के बाद ही निर्माण कार्य शुरू करने की अपील की।

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