Breaking News :
>>नशे के खिलाफ 15 वर्षों की मुहिम को राष्ट्रीय पहचान, ललित जोशी को मिला ‘नशा मुक्त मित्र अवार्ड>>केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से मिले कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल>>पांवटा साहिब सीमा पर स्थिति सामान्य, प्रशासन और निहंग समुदाय के बीच सकारात्मक वार्ता जारी>>20 साल का इंतजार खत्म : रामदयालपुर में इंटरलॉकिंग टाइल्स मार्ग का लोकार्पण>>पंतनगर विश्वविद्यालय में पूर्व छात्र सम्मेलन का शुभारंभ, कृषि के भविष्य और नवाचार पर हुआ मंथन>>इंटरनेशनल मार्केट में पहुँची उत्तराखंड की मछली>>बागनाथ संग्रहालय को शीघ्र आम जनता के लिए खोले जाने की तैयारी>>बीएलओ और फ़ील्ड स्टाफ की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता- मुख्य निर्वाचन अधिकारी>>मुख्यमंत्री ने प्रदान की विभिन्न विकास योजनाओं के लिए ₹ 42 करोड़ की वित्तीय स्वीकृति>>​85 वर्षीय बुजुर्ग माता के उत्पीड़न पर सख्त हुआ राज्य महिला आयोग>>ऋषिकेश में अवैध व्यावसायिक निर्माण पर सीलिंग की कार्रवाई>>डीएम डॉ0 आशीष चौहान ने नारी निकेतन, बाल सुधार गृह एवं किशोरी गृह का किया निरीक्षण>>मानसून सीजन को लेकर सजग रहें अधिकारी- महाराज>>भारतीय लोकतंत्र के इतिहास का एक काला अध्याय था आपातकाल- मुख्यमंत्री धामी>>दूरस्थ गांवों तक पहुंचीं जिलाधिकारी, अस्पताल, बाजार और चौपालों में पहुंचकर जानी लोगों की समस्याएं>>धामी सरकार की बड़ी सौगात, मात्र 3 लाख रुपये में मिलेगा आधुनिक फ्लैट>>4098 बालिकाओं को मिले 19.23 करोड़- रेखा आर्या>>निर्जला एकादशी पर हरिद्वार में उमड़ा आस्था का सैलाब, श्रद्धालुओं ने लगाई गंगा में डुबकी>>रिलीज से पहले ‘वेलकम टू द जंगल’ का क्रेज, एडवांस बुकिंग में बिके 39 हजार से ज्यादा टिकट>>मानसून पूर्व तैयारियों को लेकर प्रभारी सचिव डॉ. पंकज कुमार पांडे ने ली समीक्षा बैठक
ताज़ा खबरेंदिल्लीदेश

केंद्र सरकार का अहम फैसला : राजधानी दिल्ली में अब तीनों नगर निगम होंगे एक

आकाश ज्ञान वाटिका, 22 मार्च 2022, मंगलवार, नई दिल्ली। दिल्ली के तीनों नगर निगमों (उत्तरी, दक्षिणी और पूर्वी) को एक करने को लेकर केंद्रीय गृह मंत्रालय द्वारा राज्य चुनाव आयुक्त को भेजे गए पत्र ने इन्हें एक करने संबंधी प्रस्ताव भेजा गया था। इसमें बताया गया था कि किस प्रकार से तीनों नगर निगमों के महापौर ने इन्हें एक करने का प्रस्ताव केंद्रीय गृह मंत्रालय को भेजा। आज इस प्रस्ताव पर मुहर लग गई। राजधानी दिल्ली में अब तीनों नगर निगम एक होंगे। काफी समय से इन तीनों निगमों को एक करने को लेकर चर्चाएं चल रही थी।

उत्तरी निगम के महापौर राजा इकबाल सिंह, दक्षिणी के मुकेश सुर्यान व पूर्वी के श्याम सुंदर अग्रवाल द्वारा भेजे गए प्रस्ताव में कहा गया था कि निगमों की खराब आर्थिक स्थिति से कर्मचारियों को वेतन मिलने में देरी हो रही है और विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं, ऐसे में इन्हें एक करने की आवश्यकता है। इससे तीनों निगमों के खर्च घटाए जा सकेंगे और राजस्व को समान रूप से दिल्ली के पूरे क्षेत्र में इस्तेमाल किया जा सकेगा, जबकि वर्तमान स्थिति में उत्तरी और पूर्वी निगम के मुकाबले दक्षिणी निगम का राजस्व अधिक है और यहां फंड की अधिक समस्या नहीं है।

पहले तीन निगमों का एक महापौर होता था और एक आयुक्त और छह अतिरिक्त आयुक्त हुआ करते थे। 22 बड़े विभागों में विभागाध्यक्ष भी 22 थे, जबकि निगमों की संख्या तीन होने के बाद यह संख्या तीन गुणा बढ़ गई। इससे निगम को हर वर्ष करीब 200 करोड़ रुपये का अतिरिक्त खर्च बढ़ गया। अब जब तीनों निगम एक हो जाएंगे तो कम से कम 200 करोड़ रुपये की बचत होगी।

तीनों निगमों को एक किए जाने के बाद अब राज्य चुनाव आयोग को वार्ड का आरक्षण फिर से तैयार करना होगा, क्योंकि अभी रोटेशन की यह प्रक्रिया तीनों निगमों के हिसाब से हुई है। राज्य चुनाव आयोग ने आरक्षण दक्षिणी और उत्तरी के 104-104 वार्ड और पूर्वी निगम के 64 वार्ड के हिसाब से तैयार किया है। तीनों निगम को एक किया जाता है तो 272 वार्ड के वार्ड नंबर बदल जाएंगे, जिनके कारण आरक्षण की स्थिति भी बदली जाएगी।

Loading

Ghanshyam Chandra

AKASH GYAN VATIKA (www.akashgyanvatika.com) is one of the leading and fastest growing web News Portal which provides latest information about the Political, Social Activities, Environmental, entertainment, sports, General Awareness etc. I, GHANSHYAM CHANDRA, EDITOR, AKASH GYAN VATIKA provide News and Articles about the abovementioned subject and also provide latest/current state/national/international News on various subject.
error: Content is protected !!