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विपरीत और चुनौती पूर्ण मौसम में उत्तराखंड की लाइफ लाइन बनी है एसडीआरएफ : मणिकांत मिश्रा

आकाश ज्ञान वाटिका, 15 जुलाई 2023, शनिवार, देहरादून l उत्तराखंड में एक ओर मॉनसून के आगमन के साथ ही भारी बारिश और मौसम से बिगड़ी स्थिति के कारण कई क्षेत्र जल और प्राकृतिक आपदा से ग्रस्त हैं , वहीं दूसरी ओर State Disaster Response Force (SDRF) राज्य में संचालित कावड़ यात्रा, बेहद चुनौतीपूर्ण चारधाम यात्रा, हेमकुण्ड यात्रा के संचालन को कुशलतापूर्वक अंजाम दे रहे हैं l

एसडीआरएफ के कमांडेंट मणिकांत मिश्रा ने प्रेस को जारी बयान में बताया, ऐसे में मुश्किल हालातों में प्रदेश की SDRF यानी राज्य आपदा प्रतिवादन बल एक कुशल रक्षक की तर्ज पर हर मोर्चे पर अग्रणी होकर कार्य कर रही है। विगत कुछ दिनों में प्रदेश में हुई भारी बारिश से आम जनता को कई विकट परिस्थितियों का सामना करना पड़ रहा है। कहीं जलभराव के कारण लोग अपने जलमग्न घरों में फंस गए है तो कहीं भूस्खलन व उफनती नदियों के कारण हादसों का शिकार हो रहे है।

कमांडेंट SDRF, मिश्रा द्वारा जानकारी देते हुए बताया, प्रदेश में मॉनसून की दस्तक के साथ ही राज्य के 42 संवेदनशील स्थानों में SDRF टीम को तैनात कर दिया गया था। इन टीमों को आधुनिक रेस्क्यू उपकरणों से सज रखा गया है। विगत दिनों हुई भारी बारिश में जनपद हरिद्वार के लक्सर व खानपुर क्षेत्रों के कई गॉंव में जलभराव होने पर SDRF फ्लड रेस्क्यू टीमों के द्वारा रेस्क्यू ऑपरेशन्स के माध्यम से 250 लोगों को रेस्क्यू किया गया व SDRF की पेरामेडिक्स टीम द्वारा गाँव मे अस्वस्थ लोगों को आवश्यक उपचार व दवाइयां भी दी गई। गर्भवती महिलाओं व दिव्यांग के लिए जवानों द्वारा अपनी व्यक्तिगत सुरक्षा को ताक में रखकर रेस्क्यू किये गए है। जिनकी सराहना आम जनता द्वारा भी की गई है।

कमांडेंट मिश्रा ने बताया, बारिश के कारण डाकपथर, ऋषिकेश, कोटद्वार इत्यादि में भी SDRF द्वारा फंसे हुए कई लोगों को रेस्क्यू किया गया। फ्लड रेस्क्यू टीम द्वारा राफ्ट, डकी बोट्स, रिमोटली ऑपरेटेड लाइफ बॉय से रेस्क्यू ऑपेरशनस को कुशलता से अंजाम दिया। इस जल और प्राकृतिक आपदा के दौर में चुनौती पूर्ण कार्य के लिए एसडीआरएफ के जवानों को रु 1500 के नकद पारितोषिक से भी पुरुस्कृत किया गया है।

उनके द्वारा बताया गया कि माह जुलाई में अब तक सम्पूर्ण प्रदेश में SDRF द्वारा 36 रेस्क्यू ऑपरेशन के माध्यम से 284 लोगों का रेस्क्यू किया गया जबकि 09 शवों को भी बरामद किया है। इसके अतिरिक्त 06 लापता लोगो की सर्चिंग निरन्तर की जा रही है। उन्होंने बताया मानसून रेस्क्यू के साथ ही SDRF द्वारा काँवड़ मेला, चारधाम यात्रा, हेमकुण्ड साहिब यात्रा, आदि कैलाश यात्रा में भी सराहनीय कार्य किया जा रहा है। काँवड़ मेले में अभी तक SDRF द्वारा 45 कांवड़ियों को डूबने से सकुशल रेस्क्यू किया गया है। चारधाम यात्रा में अब 150 लोगों को रेस्क्यू कर स्ट्रेचर से अस्पताल पहुंचाकर उनके अनमोल जीवन की रक्षा की गयी है जबकि यात्रा के दौरान मृत 09 लोगों के शवों को जिला पुलिस के सुपुर्द किया है। और हिमस्खलन व भूस्खलन से बाधित यात्रा मार्गों में फंसे हज़ारों तीर्थ यात्रियों को सकुशल लैंडस्लाइड जोन/डेंजर ज़ोन भी पार करवाया गया है।

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Ghanshyam Chandra

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