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उत्तराखण्ड

ज्योर्तिमठ में येलो और ग्रीन केटेगरी के भवनों को अस्थाई मरम्मत की मिली अनुमति

ज्योतिर्मठ आपदा- नवनिर्माण नहीं होगा सिर्फ मरम्मत होगी

चमोली। ज्योर्तिमठ में भू-धसाव से प्रभावित येलो और ग्रीन केटेगरी के आवासीय भवनों की अस्थाई मरम्मत के लिए प्रशासन ने अनुमति प्रदान कर दी है। जिलाधिकारी संदीप तिवारी ने इसके आदेश जारी किए हैं। यह अनुमति इस शर्त पर दी गई है कि केवल भवनों की मरम्मत की जाएगी और किसी प्रकार का नवनिर्माण कार्य नहीं किया जाएगा। भवन मालिकों को इस आशय का शपथ पत्र भी देना होगा कि वे केवल मरम्मत का कार्य करेंगे।

यह निर्णय तहसील ज्योर्तिमठ में 25 सितंबर 2024 को आयोजित बैठक में लिया गया, जिसमें मूल निवासी स्वाभिमान संगठन और भू-धसाव प्रभावितों ने प्रशासन से शीत ऋतु में ठंड से बचाव के लिए मरम्मत की अनुमति देने की मांग की थी। वर्ष 2023 में हुए भू-धसाव के कारण कई आवासीय भवनों में दरारें आ गई थीं, जिससे उन्हें तकनीकी टीम द्वारा असुरक्षित घोषित कर दिया गया था। इन भवनों को विभिन्न श्रेणियों में बांटा गया है – रेड (482 भवन), ब्लैक (34 भवन), यलो (442 भवन), और ग्रीन (280 भवन)।

अभी तक 217 परिवारों को उनके क्षतिग्रस्त भवनों के लिए पूरी धनराशि वितरित की जा चुकी है, जबकि अन्य प्रभावित परिवारों को धनराशि नहीं मिल पाई है। इन परिवारों को आगामी शीत ऋतु में राहत देने के लिए अस्थाई मरम्मत की अनुमति दी गई है।

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Ghanshyam Chandra

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