Breaking News :
>>देहरादून के 7 संवेदनशील स्थानों पर एक साथ हुई मॉकड्रिल>>पदक विजेता खिलाड़ियों को तय समय के अंदर सरकारी सेवा में समायोजित करें- मुख्यमंत्री>>मुख्यमंत्री ने राज्य स्तरीय मानसून पूर्व मॉक ड्रिल में अधिकारियों को दिए प्रभावी आपदा प्रबंधन के निर्देश>>पटेलनगर क्षेत्र में हुई चोरी की घटना का दून पुलिस ने किया खुलासा, आरोपी गिरफ्तार>>लाल पुल बस दुर्घटना की होगी मजिस्ट्रियल जांच, एक सप्ताह में रिपोर्ट प्रस्तुत करने के डीएम ने दिए निर्देश>>बरसात से क्षतिग्रस्त मार्ग का मंत्री गणेश जोशी ने किया निरीक्षण, तत्काल पुनर्निर्माण के दिए निर्देश>>हेल्दी डाइट के बावजूद भी क्यों बढ़ता है बैड कोलेस्ट्रॉल? जानें इसके कारण>>ठोस अपशिष्ट प्रबंधन में लापरवाही बर्दाश्त नहीं, अनधिकृत डंपिंग व मानकविहीन प्लांटों पर होगी कड़ी कार्रवाई- डीएम>>अखिल अक्किनेनी की ‘लेनिन’ का दमदार ट्रेलर रिलीज>>कोरोनेशन अस्पताल की बदहाली पर भड़के डीएम, व्यवस्थाएं सुधारने के दिए सख्त निर्देश>>मसूरी में अवैध निर्माणों पर एमडीडीए का बड़ा एक्शन, दो भवन किए सील>>‘राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस’ के अवसर पर प्रदेश के 38 प्रतिष्ठित डॉक्टरों को किया गया सम्मानित>>हरेला महाअभियान की तैयारियों में जुटा प्रशासन>>“अन कलेक्टेबल” श्रेणी में दर्ज मतदाताओ की बीएलए के संग पुनः जांच करें बीएलओ- सीईओ>>भारत और इंग्लैंड के बीच टी20 सीरीज का पहला मुकाबला आज>>मानसून आपदा से निपटने की तैयारियों का होगा व्यापक परीक्षण>>32 वर्ष 6 माह की गौरवपूर्ण सेवा के बाद आईजी करण सिंह नगन्याल सेवानिवृत्त>>‘जय हिंद जय सिंध’ का फर्स्ट लुक पोस्टर जारी>>4 जुलाई को ऋषिकेश आईडीपीएल मैदान में लगेगा वृहद बहुउद्देशीय शिविर>>कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी से मिले उत्तराखण्ड सब एरिया के डिप्टी जीओसी
धार्मिक

गोवर्धन पूजा के दिन रखें इन बातों का विशेष ध्यान

आकाश ज्ञान वाटिका। आज खासतौर पर मथुरा, वृंदावन और गोकुल समेत उत्तर भारत के कई हिस्सों में गोवर्धन पूजा मनाया जा रहा है। इस दिन गौ माता और गोवर्धन की पूजा का विधान है। गोवर्धन पूजा हर वर्ष दिवाली के अगले दिन मनाया जाता है। हिन्दू कैलेंडर के अनुसार, गोवर्धन पूजा हर साल कार्तिक शुक्ल प्रतिपदा को होता है। इस दिन खासतौर पर गोवर्धन पर्वत की परिक्रमा की जाती है, जिससे विशेष फल की प्राप्ति होती है और मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।

गिरिराज हैं गोवर्धन पर्वत, लेकिन हर दिन घटती है ऊंचाई

गोवर्धन पर्वत मथुरा से 26 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। हिन्दू धर्म में इसका विशेष महत्व है। द्वापर युग में भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं का यह साक्षी रहा है। इसके कण-कण भगवान श्रीकृष्ण का वास समझा जाता है। गोवर्धन पर्वत को गिरिराज की उपाधि प्राप्त है। ऐसी मान्यता है कि गोवर्धन पर्वत 30 हजार मीटर ऊंचा था लेकिन अब संभवत: 30 मीटर ही रह गया है। पुलस्त्य ऋषि के श्राप के कारण यह हर दिन एक मुट्ठी घट जाता है।

आइए जानते हैं कि गोवर्धन पूजा के दिन गोवर्धन पर्वत की परिक्रमा करने के समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।

  • कार्तिक शुक्ल प्रतिपदा के दिन गोवर्धन पर्वत की परिक्रमा करने से पूर्व आपको मानसी गंगा में स्नान कर स्वयं को पवित्र कर लेना चाहिए।
  • जिस स्थान से आपने गोवर्धन पर्वत की परिक्रमा प्रारंभ की है, उसी स्थान पर आकर उसे पूर्ण करें।
  • गोवर्धन पर्वत की परिक्रमा के समय आपको सभी चिंताओं को छोड़कर भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति में रम जाना चाहिए। उनकी भक्ति से ही आपको मनोवांछित फल की प्राप्ति होगी। वे ही एक मात्र हैं, जिनकी कृपा से अपको इस जीवन के जन्म-मरण से मुक्ति मिल सकती है। आप मोक्ष की प्राप्ति कर बैकुण्ठ जा सकते हैं।
  • यदि आप शादीशुदा हैं, तो आपको अपने जीवनसाथी के साथ गोवर्धन पर्वत की परिक्रमा करनी चाहिए। इस बात का भी ध्यान रखें कि परिक्रमा के दौरान गोवर्धन पर्वत आपके दाएं तरफ रहे।
  • गोवर्धन पर्वत की परिक्रमा करते समय मदिरा, धूम्रपान आदि चीजों का त्याग कर देना चाहिए।
  • जो लोग शारीरिक तौर पर कमजोर हों या फिर कोई परेशानी हो तो परिक्रमा न करें। भक्ति भाव से गोवधर्न पूजा कर लें।

Loading

Ghanshyam Chandra

AKASH GYAN VATIKA (www.akashgyanvatika.com) is one of the leading and fastest growing web News Portal which provides latest information about the Political, Social Activities, Environmental, entertainment, sports, General Awareness etc. I, GHANSHYAM CHANDRA, EDITOR, AKASH GYAN VATIKA provide News and Articles about the abovementioned subject and also provide latest/current state/national/international News on various subject.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!