Breaking News :
>>अक्षय-सैफ की ‘हैवान’ की बॉक्स ऑफिस पर धीमी शुरुआत, फिल्म ने पहले दिन कमाए इतने करोड़ रुपये>>एसजीआरआरयू में तंबाकू के खिलाफ गूंजी हुंकार, सैकड़ों युवाओं ने लिया संकल्प>>आशा कार्यकर्ताओं एवं आशा फैसिलिटेटर्स के मानदेय की धनराशि अवमुक्त : स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल>>बड़ी खबर : नैनीताल में दो आरोपियों पर जिला बदर की कार्रवाई, छह माह के लिए जिले से निष्कासन>>उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कांग्रेस के सभी पदों से दिया इस्तीफा>>कैबिनेट मंत्री राम सिंह कैड़ा ने की तीन विभागों की समीक्षा, अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश>>देहरादून के बद्रीपुर, धर्मावाला, हरबर्टपुर में बिना तलपट मानचित्र स्वीकृति के 40-50 बीघा क्षेत्र में हो रही अवैध प्लॉटिंग पर एमडीडीए की कार्रवाई>>कैबिनेट के फैसलों से विकास, स्वास्थ्य और रोजगार को मिलेगी नई दिशा>>एसआईआर कार्य में तेजी के साथ निष्पक्षता और पारदर्शिता सुनिश्चित करें-डीएम>>सीएमओ डॉ. मनोज कुमार शर्मा ने पीएचसी मेहूवाला का किया निरीक्षण, 15 दिन में प्रसव सेवाएं शुरू करने के निर्देश>>कोटद्वार–देहरादून बस सेवा के लिए गढ़वाल मोटर्स ऑनर्स यूनियन लिमिटेड ने विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खण्डूड़ी भूषण का जताया आभार>>जिला सेवायोजन विभाग के तत्वावधान में राजकीय बालिका इंटर कॉलेज भीमताल में एक दिवसीय कैरियर काउंसिलिंग कार्यक्रम आयोजित>>देहरादून में 50 बीघा की अवैध प्लॉटिंग पर एमडीडीए का शिकंजा, मौके पर सीलिंग>>तकनीकी शिक्षा विभाग को मिले 9 कर्मशाला अधीक्षक>>छात्रवृत्ति आवेदन की अंतिम तिथि नजदीक, 30 सितम्बर तक ऑनलाइन आवेदन का अवसर>>डिजिटल यूथ महोत्सव में विजेताओं की रही धूम, डीएम ने किया सम्मानित>>आईआरसीटीसी मनी लॉन्ड्रिंग केस में ईडी की बड़ी कार्रवाई, 44.75 करोड़ की संपत्तियां जब्त>>उत्तराखंड को खेल भूमि बनाने कि दिशा में आउट ऑफ़ टर्न जॉब होगा मील का पत्थर साबित- रेखा आर्या>>नितिन नवीन के बयान पर गणेश गोदियाल का पलटवार, बोले- भाजपा को कांग्रेस को ज्ञान देने का अधिकार नहीं>>पेट रोज साफ नहीं होता? कब्ज समझकर न करें नजरअंदाज, इन बीमारियों का हो सकता है संकेत
देश

इस समय यासीन मलिक नई दिल्ली की तिहाड़ जेल में कैद है।

कश्मीर में भारतीय वायुसेना (IAF) के चार कर्मियों की हत्या के मामले में यासीन मलिक के खिलाफ जम्मू स्थित TADA कोर्ट में एक अक्टूबर को सुनवाई होगी। मलिक पर जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री और तत्कालीन गृह मंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद की बेटी डॉ. रुबिया सईद के अपहरण का मामला भी चल रहा है। इस समय मलिक नई दिल्ली की तिहाड़ जेल में कैद है।

जानकारी के अनुसार श्रीनगर में एयरफोर्स के चार अधिकारियों और एक नागरिक की आतंकियों द्वारा हत्या के मामले में 30 साल बाद न्याय मिलने की उम्मीद जगी है। हत्या के इस मामले में जेकेएलएफ के चीफ यासीन मलिक को बुधवार यानी आज जम्मू की टाडा अदालत में पेश किया जाना है।

यासीन मलिक पिछले 30 साल से टाडा अदालत में पेश होने से बचता फिर रहा है। इसके पहले उसे दो बार पेश होने का आदेश दिया गया था, लेकिन वह पेश नहीं हुआ। एजेंसी के अनुसार, अब जम्मू की टाडा अदालत ने बुधवार को उसकी पेशी के लिए तीसरी बार गैर जमानती वारंट जारी किया है। यह वारंट 22 अगस्त को जारी किया गया था।

टाडा अदालत ने तिहाड़ जेल के प्रभारी को यासीन मलिक की पेशी सुनिश्चित करने का आदेश दिया है। रुबिया अपहरण केस में सीबीआइ चालान के मुताबिक, श्रीनगर के सदर पुलिस स्टेशन में आठ दिसंबर 1989 को रिपोर्ट दर्ज हुई थी। इसके अनुसार रुबिया मिनी बस से ललदेद अस्पताल श्रीनगर से नौगाम स्थित अपने घर जा रही थी। इसी दौरान कुछ अज्ञात बंदूकधारियों ने उसका अपहरण कर लिया।

सीबीआइ ने जांच पूरी करने के बाद 18 सितंबर 1990 को जम्मू की टाडा अदालत में आरोपितों के खिलाफ चालान पेश किया। सीबीआइ के दूसरे चालान के मुताबिक 25 जनवरी 1990 की सुबह श्रीनगर के रावलपोरा में किराए पर रह रहे एयरफोर्स अधिकारी गाड़ी के लिए सनत नगर क्रॉ¨सग पर खड़े थे, तभी आतंकवादियों ने उन पर अंधाधुंध फाय¨रग कर दी। मौके पर एक महिला समेत करीब 40 एयरफोर्स के अधिकारी मौजूद थे जो गंभीर रूप से घायल हुए। दो अधिकारियों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अधिकारियों और एक नागरिक ने बाद में दम तोड़ दिया। सीबीआई ने जांच पूरी करने के बाद यासीन मलिक और अन्य के खिलाफ टाडा कोर्ट जम्मू में चालान पेश किया था।

हमने परेशानी झेली और मलिक आरामदायक जिंदगी जीता रहा

श्रीनगर में 1990 में हुए एक आतंकी हमले में शहीद एयरफोर्स के चार अधिकारियों में स्क्वार्डन लीडर रवि खन्ना भी शामिल थे। उनकी पत्नी निर्मल खन्ना ने एक न्यूज एजेंसी से बातचीत में कहा कि यासीन मलिक पिछले 30 सालों से आरामदायक जिंदगी जीता रहा, लेकिन अब उम्मीद जगी है कि उनके पति की शहादत को न्याय मिलेगा।

उन्होंने कहा कि पिछले तीस सालों में शहीदों के परिवारों को न जाने कितनी परेशानियां झेलनी पड़ीं। यहां तक कि पेंशन के मामले में मुझे खुद दिल्ली से जम्मू के बीच कई बार आना जाना पड़ा। मुझे अपने दो बच्चों को पालने में कई मुश्किलों का सामना करना पड़ा। 69 वर्षीय निर्मल खन्ना ने एजेंसी को बताया कि पति को खोने के बाद मेरा जीवन तनाव भरा हो गया। मैं पिछले कुछ सालों से ब्रेन स्ट्रोक से जूझ रही हूं।

Loading

Ghanshyam Chandra

AKASH GYAN VATIKA (www.akashgyanvatika.com) is one of the leading and fastest growing web News Portal which provides latest information about the Political, Social Activities, Environmental, entertainment, sports, General Awareness etc. I, GHANSHYAM CHANDRA, EDITOR, AKASH GYAN VATIKA provide News and Articles about the abovementioned subject and also provide latest/current state/national/international News on various subject.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!