Breaking News :
>>उत्तराखंड के हर ब्लॉक में बनेंगे मिनी स्टेडियम- मुख्यमंत्री धामी>>देहरादून एसएसपी से मिलने पहुंची नन्ही बच्ची, फूल देकर जताया पुलिस के प्रति सम्मान>>महिलाओं की समस्याओं का निस्तारण शासन-प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए- कुसुम कंडवाल>>खाना खाने के बाद क्यों आती है नींद? जानिए क्या कहते हैं स्वास्थ्य विशेषज्ञ>>रसोई गैस और पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों पर यूथ कांग्रेस का हल्ला बोल>>प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश में “हर घर नल से जल” का संकल्प तेजी से साकार हो रहा- त्रिवेन्द्र>>‘डकैत’ की रिलीज टली, अब फिल्म 10 अप्रैल को देगी सिनेमाघरों में दस्तक>>पूर्व सैनिकों के प्रतिनिधिमंडल ने सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी से की मुलाकात>>भराड़ीसैंण में मोर्निंग वाक पर निकले सीएम धामी, स्थानीय लोगों के साथ लिया चाय की चुस्कियों का आनन्द>>22 साल बाद भारत को मिली अंतरराष्ट्रीय तीरंदाजी प्रतियोगिता की मेजबानी>>एमडीडीए की सख्त कार्रवाई, धौरण रोड स्थित अवैध रूप से निर्मित एवं संचालित “हेल्पिंग हेल्थ” हॉस्पिटल सील>>नन्दादेवी राजजात के लिए 109.65 करोड़ स्वीकृत- महाराज>>पौड़ी में महिला उत्पीड़न पर सख्त कार्रवाई, महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल ने दिए जांच के आदेश>>मुख्यमंत्री धामी ने भराड़ीसैंण में अग्निवीर कैडेट्स से किया संवाद>>गैस संकट के बीच कमर्शियल सिलेंडरों की सामान्य सप्लाई पर रोक>>ट्रंप की ईरान को सख्त चेतावनी, तेल आपूर्ति रोकने पर होगी बड़ी कार्रवाई>>बीते चार साल में प्रदेश में 819 पंचायत भवनों का निर्माण व पुननिर्माण किया गया- महाराज>>बदलती जीवनशैली और अनियमित खान-पान से बढ़ रहा किडनी रोग का खतरा, डॉक्टरों ने दी चेतावनी>>पौड़ी के जामलाखाल क्षेत्र में गुलदार के हमले से एक व्यक्ति की मौत>>रणवीर सिंह की फिल्म ‘धुरंधर: द रिवेंज’ का नया पोस्टर जारी
उत्तराखण्डताज़ा खबरेंधार्मिक

इन दिनों धुआँधार बैटिंग में जुटे हैं धामी सरकार के मंत्रीगण, हर कदम पर हाईकमान तक की नजर

आकाश ज्ञान वाटिका, 16 मई 2022, सोमवार, देहरादून। पुष्कर सिंह धामी सरकार के मंत्री इन दिनों धुआंधार बैटिंग में जुटे पड़े हैं। मुख्यमंत्री समेत मंत्रिमंडल में केवल नौ सदस्य हैं तो स्वाभाविक रूप से एक मंत्री के पास कई विभागों का जिम्मा है। कुर्सी संभाले दो महीने भी नहीं हुए, लेकिन मंत्री हैं कि ताबड़तोड़ बैठकें कर एक तीर से कई निशाने साध रहे हैं। सरकारी योजनाओं की समीक्षा हो गई और साथ ही अफसरों को भी दे दिया सख्त लहजे में संदेश कि काम में हीलाहवाली कतई नहीं चलेगी।

कुछ मंत्री तो अलग-अलग जिलों में पहुंचकर विभागीय कामकाज का जायजा लेने बाकायदा छापेमारी तक कर चुके हैं। वैसे, इस तरह की सक्रियता सब को भा रही है, लेकिन यह भी सच है कि इसके मूल में कहीं न कहीं सौ दिन का लक्ष्य है। दरअसल, सरकार के शुरुआती सौ दिन के रोडमैप पर मंत्रियों के कदम किस तरह आगे बढ़ रहे हैं, इस पर हाईकमान तक की नजर है।

भाजपा और कांग्रेस फिर आमने-सामने

विधानसभा चुनाव के ढाई महीने बाद ही भाजपा और कांग्रेस फिर आमने-सामने हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के लिए भाजपा विधायक कैलाश गहतोड़ी ने सीट खाली की। कांग्रेस ने दावा किया कि मुख्यमंत्री को वाकओवर नहीं दिया जाएगा और पार्टी उप चुनाव में पूरी ताकत झोंकेगी। यह बात अलग है कि प्रत्याशी निर्मला गहतोड़ी के नामांकन में न पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत पहुंचे और न प्रीतम सिंह, जो पिछली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष थे। इतना जरूर है कि भाजपा पर चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन का आरोप लगा कांग्रेस नेता मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय में ज्ञापन देने का कोई अवसर नहीं चूक रहे हैं। अब तो भाजपा नेता चुटकी भी लेने लगे हैं कि कांग्रेस चम्पावत के चुनाव मैदान में भाजपा का सामना नहीं कर पा रही है, लिहाजा निर्वाचन आयोग के दर पर दस्तक देकर अपनी उपस्थिति दर्ज कराने की औपचारिकता निभा रही है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नौकरशाही के पेच कसने की कर दी शुरुआत

उत्तराखंड में नौकरशाही की मनमानी जन्म से ही चली आ रही है। मंत्री और विधायक तक सार्वजनिक मंचों पर अपनी व्यथा प्रकट कर चुके हैं। पिछली सरकार के समय तो मुख्य सचिव को आदेश जारी करने पड़े कि जन प्रतिनिधियों के साथ अधिकारियों का व्यवहार किस तरह होना चाहिए। दिलचस्प यह कि दोबारा पद संभालते ही मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नौकरशाही के पेच कसने की शुरुआत कर दी है।

हाल में मुख्य सचिव ने दो आदेश जारी किए। पहला यह कि सोमवार को शासन में कोई बैठक नहीं होगी, ताकि आम जन अधिकारियों से मिल अपनी समस्याएं रख सकें। दूसरा आदेश यह कि मंगलवार और गुरुवार को शासन में ऐसी कोई बैठक नहीं होगी, जिसमें जिले के अधिकारियों को भी शामिल होना होता है। इन दो दिन अधिकारी अपने जिलों में जनता के लिए उपलब्ध रहेंगे। आगाज तो अच्छा है, देखते हैं नौकरशाही इसे किस अंजाम तक पहुंचाती है।

चार धाम यात्रा ने इस वर्ष शुरुआती दो सप्ताह में ही पुराने रिकार्ड ध्वस्त कर दिए

उत्तराखंड में चार धाम यात्रा ने इस वर्ष शुरुआती दो सप्ताह में ही पुराने रिकार्ड ध्वस्त कर दिए। कोरोना महामारी के कारण पिछले दो वर्ष यात्रा सीमित रही, इसलिए इस बार श्रद्धालु चार धाम के दर्शन का अवसर नहीं चूकना चाहते। सरकार ने तैयारी तो पूरी की, लेकिन तीर्थयात्रियों की भारी संख्या के समक्ष ये भी कम पड़ गईं। सरकार ने व्यवस्था बनाने को चारों धाम में दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की संख्या का निर्धारण कर दिया। साथ ही पंजीकरण भी अनिवार्य कर दिया गया।

किसी भी धाम में वीआइपी दर्शन नहीं होंगे

मुख्यमंत्री धामी की पहल पर सरकार ने एक अन्य महत्वपूर्ण निर्णय यह लिया कि अब किसी भी धाम में वीआइपी दर्शन नहीं होंगे। कोई भी विशिष्ट व्यक्ति हो, उसे आम श्रद्धालु की ही तरह पंक्तिबद्ध होकर दर्शन करने पड़ेंगे। सरकार के इस कदम की सर्वत्र सराहना हो रही है।

Loading

Ghanshyam Chandra

AKASH GYAN VATIKA (www.akashgyanvatika.com) is one of the leading and fastest growing web News Portal which provides latest information about the Political, Social Activities, Environmental, entertainment, sports, General Awareness etc. I, GHANSHYAM CHANDRA, EDITOR, AKASH GYAN VATIKA provide News and Articles about the abovementioned subject and also provide latest/current state/national/international News on various subject.
error: Content is protected !!