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स्वास्थ

ठंड में कम पानी पीना बन सकता है गंभीर बीमारियों की वजह, विशेषज्ञों ने दी चेतावनी

आकाश ज्ञान वाटिका, शुक्रवार, 26 दिसम्बर 2025, देहरादून। सर्दियों के मौसम में प्यास कम लगना आम बात है, लेकिन यही आदत सेहत के लिए खतरे की घंटी बन सकती है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार ठंड के दिनों में लोग अक्सर पानी पीना नजरअंदाज कर देते हैं, जबकि इस मौसम में भी शरीर लगातार नमी खोता रहता है। सूखी हवा, सांस लेने की प्रक्रिया और हल्का पसीना शरीर से पानी बाहर निकालते रहते हैं। ऐसे में पर्याप्त पानी न पीने से शरीर डिहाइड्रेशन की चपेट में आ सकता है।

विशेषज्ञ बताते हैं कि सर्दियों में पानी की कमी से खून गाढ़ा होने लगता है, जिससे हृदय पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। इसका असर ब्लड प्रेशर, इम्युनिटी और मेटाबॉलिज्म पर भी पड़ता है। कई लोग चाय या कॉफी को पानी का विकल्प मान लेते हैं, जबकि कैफीन युक्त पेय शरीर में पानी की कमी को और बढ़ा देते हैं।

सर्दियों में डिहाइड्रेशन क्यों है खतरनाक

डिहाइड्रेशन को सर्दियों में ‘साइलेंट किलर’ कहा जाता है, क्योंकि इसके लक्षण प्यास के रूप में नहीं बल्कि थकान, सिरदर्द, सुस्ती और चक्कर के रूप में सामने आते हैं। समय रहते ध्यान न दिया जाए तो यह कई गंभीर बीमारियों को जन्म दे सकता है।

किडनी और यूरिन से जुड़ी समस्याएं

कम पानी पीने का सबसे सीधा असर किडनी पर पड़ता है। मूत्र गाढ़ा होने से किडनी स्टोन बनने का खतरा बढ़ जाता है। साथ ही बैक्टीरिया पनपने लगते हैं, जिससे यूरिन इन्फेक्शन की संभावना भी बढ़ जाती है। डॉक्टरों के मुताबिक सर्दियों में भी रोजाना 8 से 10 गिलास पानी पीना जरूरी है।

त्वचा और पाचन पर दिखता है असर

पानी की कमी से त्वचा रूखी और बेजान होने लगती है। होंठ फटना, खुजली और ड्राइनेस आम समस्याएं बन जाती हैं। वहीं पाचन तंत्र पर भी इसका असर पड़ता है। पर्याप्त पानी न मिलने से कब्ज, गैस और एसिडिटी की शिकायत बढ़ जाती है। विशेषज्ञ सर्दियों में गुनगुना पानी पीने की सलाह देते हैं, जिससे पाचन बेहतर रहता है।

हार्ट अटैक और स्ट्रोक का बढ़ता खतरा

डिहाइड्रेशन के कारण खून का गाढ़ा होना हृदय और मस्तिष्क के लिए खतरनाक साबित हो सकता है। इससे ब्लड क्लॉट बनने का जोखिम बढ़ता है, जो हार्ट अटैक और ब्रेन स्ट्रोक का कारण बन सकता है। बुजुर्गों और हृदय रोगियों को सर्दियों में पानी की मात्रा पर विशेष ध्यान देने की जरूरत होती है।

सर्दियों में खुद को कैसे रखें हाइड्रेटेड

विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि सर्दियों में केवल प्यास लगने का इंतजार न करें। गुनगुना पानी, सूप, हर्बल टी और मौसमी फलों को अपनी दिनचर्या में शामिल करें। हर घंटे थोड़ी-थोड़ी मात्रा में पानी पीना आदत बनाएं। स्वाद के लिए पानी में नींबू या पुदीना मिलाया जा सकता है।

नोट: यह जानकारी विभिन्न स्वास्थ्य विशेषज्ञों और मेडिकल रिपोर्ट्स पर आधारित है। किसी भी समस्या की स्थिति में डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।

(साभार)

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Ghanshyam Chandra

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