Breaking News :
>>सुवेंदु अधिकारी होंगे पश्चिम बंगाल के नए मुख्यमंत्री, कल होगा शपथ ग्रहण>>“ऑपरेशन प्रहार”- अंतरराष्ट्रीय ऑनलाइन सट्टा गिरोह का भंडाफोड़, पांच आरोपी गिरफ्तार>>मेधावी छात्राओं की बड़ी संख्या बेटियों की प्रगति का प्रमाण- रेखा आर्या>>‘द ग्रेट ग्रैंड सुपरहीरो’ की रिलीज डेट का ऐलान, 29 मई को सिनेमाघरों में दस्तक देगी फिल्म>>मुख्यमंत्री धामी ने श्री केदारनाथ धाम में भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड अस्पताल का किया लोकार्पण>>दिव्यांगजनों के लिए वरदान बना डीडीआरसी, सैकड़ों को मिला लाभ>>राशन कार्ड धारकों के लिए ई-केवाईसी अनिवार्य, 30 मई अंतिम तिथि>>कानून का दुरुपयोग कर निर्दोषों को फंसाने वालों के विरुद्ध होगी कठोरतम कार्यवाही- कुसुम कण्डवाल>>उच्च शिक्षा विभाग में उत्तर-पुस्तिकाओं का होगा डिजिटल मूल्यांकन- डाॅ. धन सिंह रावत>>एमडीडीए का बड़ा एक्शन, अवैध निर्माणों पर चला सीलिंग अभियान, पटेलनगर–देहराखास में दो निर्माण सील>>मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन में डीएम सविन बंसल की पहल से दिव्यांगजनों को बड़ी राहत, डीडीआरसी बना सहारा>>फिर रिकार्ड तोड़ेगी चारधाम यात्रा : महाराज>>मानसून शुरू होने से पूर्व सभी सड़के हों गड्ढामुक्त : मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन>>लंबित पेयजल योजनायें जल्दी पूरी हों, हर घर तक पहुँचे स्वच्छ जल : सीडीओ>>विकास कार्यों में लापरवाही बर्दाश्त नहीं, गुणवत्ता पर रखें विशेष ध्यान : मंत्री खजानदास>>वन मंत्री सुबोध उनियाल ने ‘हिमालयन काला भालू’ के नवीन बाड़े का किया उद्घाटन>>बॉबी देओल की आगामी फिल्म ‘बंदर’ का दमदार टीजर रिलीज>>अल्मोड़ा में दर्दनाक हादसा, गहरी खाई में गिरी कार, तीन लोगों की मौत>>धूम्रपान बन रहा हार्ट अटैक का बड़ा कारण, डॉक्टरों ने दी चेतावनी>>बद्रीनाथ धाम ‘स्प्रिचुअल हिल टाउन’ के रूप में होगा विकसित
उत्तराखण्डताज़ा खबरें

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा देवभूमि उत्तराखंड में लिखा जा रहा है सुशासन का एक स्वर्णिम अध्याय

करप्शन की कालिख को जड़ से मिटा कर उत्तराखंड में सुशासन का स्वर्णिम अध्याय लिख रहे धाकड़ धामी

जो भी भ्रष्टाचार में लिप्त होगा उसको किसी भी तरह से छोड़ा नहीं जाएगा और ऐसे लोगों की जगह केवल जेल में होगी : मुख्यमंत्री

आकाश ज्ञान वाटिका, रविवार, 9 अक्टूबर 2022, देहरादून। देवभूमि के नाम से विख्यात उत्तराखंड में अब सुशासन का एक स्वर्णिम अध्याय लिखा जा रहा है और इसे लिख रहे हैं सूबे के युवा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी। हमारे इस दावे की तस्दीक करते हैं वो सभी फैसले, जो हाल के दिनों में पुष्कर सिंह धामी द्वारा भ्रष्टाचार के खिलाफ लिए गए। उनके द्वारा की गई कार्रवाई नज़ीर बन रही है और अब तो देश के दूसरे राज्यों से भी ये माँग उठने लगी है कि करप्शन की कालिख को कैसे साफ़ किया जाता है ये धामी से सीखा जाना चाहिए।

दरअसल शनिवार को मुख्यमंत्री धामी के निर्देश पर परीक्षा घोटालों की जाँच कर रही एसटीएफ ने बड़ी कार्रवाई करते हुए उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के पूर्व अध्यक्ष और आईएफएस अधिकारी आरबीएस रावत, सचिव मनोहर कन्याल और पूर्व परीक्षा नियंत्रक आरएस पोखरिया को गिरफ़्तार कर लिया। एसटीएफ ने यह कार्रवाई UKSSSC द्वारा 2016 में कराई गई वीपीडीओ भर्ती परीक्षा में हुई धांधली की जांच के बाद की है। ये कार्रवाई इस लिहाज से भी बड़ी हो जाती है कि गिरफ्तार किए गए आरबीएस रावत उत्तराखंड में वन विभाग के मुखिया रह चुके हैं। धामी के इस धाकड़ फैसले ने एक बार फिर दिखा दिया है कि करप्शन के खिलाफ उनकी जीरो टॉलरेंस की नीति केवल कहने भर तक नहीं है और भ्रष्टाचार को मिटाने के लिए वो कड़े और बड़े, दोनों ही तरह के फैसले लेने से पीछे नहीं हट रहे हैं।

इस से पहले धामी ने आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के आरोपों का सामना कर रहे चर्चित आईएएस अधिकारी राम विलास यादव को निलंबित कर दिया था, जिसके कुछ देर बाद ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। ठीक ऐसे ही कॉर्बेट पार्क में टाइगर सफारी बनने में अनियमितता का मामला सामने आने पर सीएम धामी ने पूर्व आईएफएस किशनचंद व अन्य अधिकारियों पर मुकदमा चलाने की अनुमति दी थी। उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की स्नातक स्तरीय परीक्षा के पेपर लीक मामले में तो ताबड़तोड़ गिरफ्तारियाँ हुई ही हैं। इस मामले में मुख्य सरगना मूसा सहित 41 आरोपी पुलिस की गिरफ्त में हैं और कई अन्य जल्द ही गिरफ्तार किए जा सकते हैं। इतना ही नहीं, जेल में बंद नकल माफिया हाकम सिंह के सम्पत्तियों पर बुलडोजर भी गरज रहा है। धामी के इस धाकड़ एक्शन से हाकम सिंह द्वारा किया गया अवैध निर्माण और भ्रष्टाचारियों के हौसले दोनों टूट रहे हैं।

मुख्यमंत्री धामी के निर्देश पर शनिवार को हुई बड़ी गिरफ्तारियों ने तो देश में एक नई बहस ही छेड़ दी। सोशल मीडिया पर धामी की तारीफ करने वालों में जितने लोग उत्तराखंड से हैं उस से कहीं ज्यादा देश के अन्य राज्यों राजस्थान, दिल्ली, बिहार से हैं और उनकी मांग है कि उनके प्रदेश के मुख्यमंत्री भी धामी से सीख लें।

इस पूरे मंथन का अर्क ये निकलता है कि अनियमिताओं और भ्रष्टाचार के खिलाफ जिस स्तर की कार्रवाई आज उत्तराखंड में हो रही है, वैसी देश के किसी दूसरे राज्य में देखने को नहीं मिल रही। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का राजनीतिक अनुभव अशोक गहलोत, नीतीश कुमार और अरविंद केजरीवाल से भले ही कम हो लेकिन भ्रष्टाचार को मिटाने की जैसी इच्छाशक्ति उन्होंने दिखाई है वैसी इनमें से किसी दूसरे मुख्यमंत्री ने नहीं दिखाई। शनिवार को रुद्रप्रयाग के दौरे पर गए सीएम धामी ने अपने अटल इरादों को जाहिर करते हुए दोहराया कि जो भी भ्रष्टाचार में लिप्त होगा उसको किसी भी तरह से छोड़ा नहीं जाएगा और ऐसे लोगों की जगह केवल जेल में होगी। यानी स्पष्ट है कि मुख्यमंत्री धामी किसी भी भ्रष्टाचारी को बख्शने के मूड में नहीं है और उन्होंने तय कर लिया है कि वो देवभूमि को सच्चे अर्थों में देवभूमि बना कर ही दम लेंगे।

Loading

Ghanshyam Chandra

AKASH GYAN VATIKA (www.akashgyanvatika.com) is one of the leading and fastest growing web News Portal which provides latest information about the Political, Social Activities, Environmental, entertainment, sports, General Awareness etc. I, GHANSHYAM CHANDRA, EDITOR, AKASH GYAN VATIKA provide News and Articles about the abovementioned subject and also provide latest/current state/national/international News on various subject.
error: Content is protected !!